NEET UG 2026 री-एग्जाम के लिए NTA ने ड्रेस कोड और अनुमत वस्तुओं संबंधी महत्वपूर्ण एडवाइजरी जारी की

नई दिल्ली, 18 जून 2026: नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने NEET (UG) 2026 री-एग्जाम में शामिल होने वाले उम्मीदवारों के लिए एक महत्वपूर्ण एडवाइजरी जारी की है। यह पुनर्परीक्षा 21 जून 2026 को देशभर के विभिन्न परीक्षा केंद्रों पर आयोजित की जाएगी।

एडवाइजरी में ड्रेस कोड, परीक्षा केंद्र में ले जाने योग्य वस्तुओं तथा सुरक्षा संबंधी दिशानिर्देशों का उल्लेख किया गया है, जिनका पालन सभी उम्मीदवारों को करना अनिवार्य होगा।

परीक्षा केंद्र में ले जाने की अनुमति प्राप्त वस्तुएं

NTA के अनुसार उम्मीदवार निम्नलिखित वस्तुएं साथ ले जा सकते हैं:

  • पारदर्शी (Transparent) पानी की बोतल।
  • बारिश से सुरक्षा के लिए पारदर्शी प्लास्टिक पाउच में रखा हुआ एडमिट कार्ड।
  • धार्मिक आस्था से जुड़ी वस्तुएं जैसे कलावा, पगड़ी, हिजाब या अन्य धार्मिक प्रतीक। हालांकि ऐसे उम्मीदवारों को अतिरिक्त जांच (Frisking) के लिए समय से पहले केंद्र पर पहुंचने की सलाह दी गई है।

ड्रेस कोड संबंधी दिशानिर्देश

NTA ने उम्मीदवारों को निम्नलिखित प्रकार के वस्त्र पहनने की सलाह दी है:

  • हल्के और आरामदायक कपड़े।
  • आवश्यकता होने पर फुल स्लीव या ऊनी कपड़े, लेकिन ऐसे उम्मीदवारों को सुरक्षा जांच के लिए समय से पहले पहुंचना होगा।
  • चप्पल या कम हील वाले फुटवियर।

उच्च हील (High Heel) वाले फुटवियर पहनने वाले उम्मीदवारों की अतिरिक्त जांच की जा सकती है।

पूरी तरह प्रतिबंधित वस्तुएं

परीक्षा केंद्र के अंदर निम्नलिखित वस्तुओं को ले जाना सख्त वर्जित है:

  • मोबाइल फोन
  • स्मार्टवॉच
  • ब्लूटूथ डिवाइस
  • ईयरफोन एवं अन्य संचार उपकरण
  • धातु (Metal) से बनी एक्सेसरीज़
  • बड़े बेल्ट बकल
  • भारी आभूषण (Jewellery) एवं अन्य सजावटी वस्तुएं

प्रतिबंधित वस्तुओं के साथ पाए जाने पर उम्मीदवार को परीक्षा केंद्र में प्रवेश नहीं दिया जा सकता है।

सभी उम्मीदवारों की होगी अनिवार्य जांच

NTA ने स्पष्ट किया है कि परीक्षा केंद्र में प्रवेश से पहले प्रत्येक उम्मीदवार की अनिवार्य सुरक्षा जांच (Frisking) की जाएगी। इसलिए उम्मीदवारों को रिपोर्टिंग समय के अनुसार समय पर केंद्र पहुंचने की सलाह दी गई है, ताकि किसी प्रकार की असुविधा या देरी से बचा जा सके।

उम्मीदवारों के लिए NTA का संदेश

NTA ने सभी उम्मीदवारों से निर्धारित दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करने और परीक्षा के सुचारू संचालन में सहयोग करने की अपील की है। ड्रेस कोड या सुरक्षा नियमों का उल्लंघन करने पर परीक्षा केंद्र में प्रवेश से वंचित किया जा सकता है।

यदि किसी उम्मीदवार को री-एग्जाम से संबंधित कोई जानकारी या स्पष्टीकरण चाहिए, तो वे NTA हेल्पडेस्क से संपर्क कर सकते हैं।

परीक्षा में अब केवल कुछ ही दिन शेष हैं, इसलिए सभी अभ्यर्थियों को सलाह दी जाती है कि वे एडवाइजरी को ध्यानपूर्वक पढ़ें और परीक्षा दिवस के लिए आवश्यक तैयारियां समय रहते पूरी कर लें।

NEET UG 2026 री-एग्जाम के लिए एडमिट कार्ड डाउनलोड करने का अंतिम अवसर, NTA ने जारी किया महत्वपूर्ण नो

नई दिल्ली, 17 जून 2026: राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी (NTA) ने NEET UG 2026 पुनर्परीक्षा (Re-Examination) में शामिल होने वाले उम्मीदवारों के लिए एक महत्वपूर्ण सार्वजनिक सूचना जारी की है। यह परीक्षा 21 जून 2026 को आयोजित की जाएगी।

NTA के अनुसार, 14 जून 2026 को एडमिट कार्ड जारी किए जाने के बाद अब तक लगभग 16 लाख अभ्यर्थी अपने प्रवेश पत्र सफलतापूर्वक डाउनलोड कर चुके हैं। हालांकि, कुछ उम्मीदवारों ने अपनी बैंक खाता संबंधी जानकारी पूर्ण न होने के कारण एडमिट कार्ड डाउनलोड करने में कठिनाई होने की शिकायत की थी।

इसी को ध्यान में रखते हुए NTA ने उम्मीदवारों को एक अतिरिक्त सुविधा प्रदान करने का निर्णय लिया है, जिससे वे बिना किसी परेशानी के अपना एडमिट कार्ड डाउनलोड कर सकें।

उम्मीदवारों के लिए उपलब्ध दो विकल्प

अब उम्मीदवार NTA की आधिकारिक वेबसाइट पर लॉगिन करके निम्नलिखित में से किसी एक विकल्प का चयन कर सकते हैं:

विकल्प 1

  • पहले एडमिट कार्ड डाउनलोड करें।
  • बैंक खाते की जानकारी की समीक्षा और पुष्टि बाद में करें।
  • परीक्षा शुल्क वापसी (Fee Refund) की प्रक्रिया बाद में पूरी की जा सकती है।

विकल्प 2

  • पहले बैंक खाते की जानकारी की समीक्षा और पुष्टि करें।
  • इसके बाद एडमिट कार्ड डाउनलोड करें।
  • शुल्क वापसी की प्रक्रिया तुरंत पूरी करें।

NTA ने क्या कहा?

NTA ने स्पष्ट किया है कि सभी उम्मीदवारों को 21 जून 2026 को होने वाली NEET UG 2026 परीक्षा के लिए समय रहते अपना एडमिट कार्ड डाउनलोड कर लेना चाहिए। एजेंसी ने यह भी कहा है कि जिन उम्मीदवारों को किसी प्रकार की तकनीकी समस्या या अन्य कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है, वे NTA हेल्पलाइन से संपर्क कर सकते हैं।

सहायता के लिए संपर्क

यदि किसी उम्मीदवार को एडमिट कार्ड डाउनलोड करने में समस्या आती है, तो वह निम्न माध्यमों से सहायता प्राप्त कर सकता है:

  • हेल्पलाइन नंबर: 011-40759000
  • हेल्पलाइन नंबर: 011-69227700
  • ई-मेल: neetug2026@nta.ac.in

महत्वपूर्ण सलाह

NTA ने सभी अभ्यर्थियों को सलाह दी है कि वे केवल आधिकारिक वेबसाइटों से ही जानकारी प्राप्त करें और किसी भी अफवाह या भ्रामक सूचना पर विश्वास न करें।

उम्मीदवार नवीनतम अपडेट के लिए NTA और NEET की आधिकारिक वेबसाइट नियमित रूप से देखते रहें।

निष्कर्ष

NEET UG 2026 पुनर्परीक्षा में शामिल होने वाले उम्मीदवारों के लिए यह एक महत्वपूर्ण राहत है। अब बैंक विवरण की प्रक्रिया के कारण एडमिट कार्ड डाउनलोड करने में आने वाली बाधा दूर हो गई है। सभी अभ्यर्थियों को सलाह दी जाती है कि वे जल्द से जल्द अपना एडमिट कार्ड डाउनलोड करें और परीक्षा की तैयारी पर पूरा ध्यान केंद्रित करें।

NEET-UG Re-Exam 2026: बैंक विवरण प्रमाणीकरण बिना पनि Admit Card डाउनलोड गर्न सकिने

नेशनल टेस्टिङ एजेन्सी (NTA) ले जुन 21, 2026 मा सञ्चालन हुने NEET-UG 2026 पुनः परीक्षा (Re-Exam) का लागि नयाँ निर्देशिका जारी गरेको छ। परीक्षा शुल्क फिर्तासम्बन्धी बैंक खाता विवरण प्रमाणीकरणका कारण केही विद्यार्थीहरूले Admit Card डाउनलोड गर्न समस्या भोगेपछि NTA ले यो निर्णय गरेको हो।

NTA का अनुसार, NEET-UG 2026 Re-Exam Admit Card जुन 14, 2026 मा जारी गरिएको थियो। हालसम्म करिब 16 लाख विद्यार्थीहरूले आफ्नो Admit Card सफलतापूर्वक डाउनलोड गरिसकेका छन्। तर केही विद्यार्थीहरूले बैंक विवरण पूरा गर्न नसकेको कारण Admit Card डाउनलोड गर्न समस्या भएको भन्दै अनुरोध गरेका थिए।

अब बैंक प्रमाणीकरण बिना पनि Admit Card डाउनलोड गर्न सकिने

विद्यार्थीहरूको अनुरोधलाई ध्यानमा राख्दै NTA ले अब पहिले Admit Card डाउनलोड गर्ने र बैंक विवरणको समीक्षा तथा पुष्टि पछि गर्ने विकल्प उपलब्ध गराएको छ।

यसको अर्थ, परीक्षा शुल्क फिर्ताका लागि बैंक विवरण प्रमाणीकरण पूरा नभए पनि विद्यार्थीहरूले आफ्नो Admit Card डाउनलोड गर्न सक्नेछन्।

विद्यार्थीहरूका लागि उपलब्ध दुई विकल्प

विद्यार्थीहरूले आधिकारिक NEET वेबसाइटमा लगइन गरी निम्नमध्ये कुनै एक विकल्प रोज्न सक्छन्: ✅ पहिले Admit Card डाउनलोड गर्ने र बैंक विवरणको समीक्षा तथा पुष्टि पछि गर्ने।पहिले बैंक विवरणको समीक्षा तथा पुष्टि गर्ने र त्यसपछि Admit Card डाउनलोड गर्ने। यस सुविधाले बैंक विवरण प्रविष्ट गर्दा प्राविधिक वा अन्य समस्या भोगिरहेका विद्यार्थीहरूलाई ठूलो राहत दिने अपेक्षा गरिएको छ।

Admit Card डाउनलोड गर्ने आधिकारिक वेबसाइट

विद्यार्थीहरूले आफ्नो Admit Card केवल NTA को आधिकारिक वेबसाइटबाट मात्र डाउनलोड गर्नुपर्छ:

https://neet.nta.nic.in

अनौपचारिक वेबसाइट, सामाजिक सञ्जालमा आएका लिंक वा तेस्रो पक्षका वेबसाइटहरूमा भर नपर्न NTA ले आग्रह गरेको छ।

Admit Card मा के–के विवरण जाँच गर्ने?

Admit Card डाउनलोड गरेपछि विद्यार्थीहरूले निम्न विवरणहरू सावधानीपूर्वक जाँच गर्नुपर्छ:

  • विद्यार्थीको नाम
  • Application Number
  • Roll Number
  • परीक्षा केन्द्रको ठेगाना
  • Reporting Time
  • परीक्षा मिति र समय
  • फोटो तथा हस्ताक्षर
  • परीक्षा सम्बन्धी निर्देशनहरू

यदि कुनै गल्ती भेटिएमा वा Admit Card डाउनलोड गर्न समस्या भएमा तुरुन्तै NTA सँग सम्पर्क गर्नुपर्छ।

NTA हेल्पलाइन विवरण

Admit Card डाउनलोड गर्न समस्या परेमा विद्यार्थीहरूले निम्न नम्बरहरूमा सम्पर्क गर्न सक्छन्: 📞 011-40759000 📞 011-69227700 ईमेल:📧

neetug2026@nta.ac.in

Re-Exam जुन 21, 2026 मा

NEET-UG 2026 Re-Exam जुन 21, 2026 मा सञ्चालन हुनेछ। विद्यार्थीहरूले सकेसम्म छिटो Admit Card डाउनलोड गरी परीक्षा केन्द्रको स्थान पहिल्यै जाँच गर्न र आवश्यक यात्रा व्यवस्था मिलाउन सल्लाह दिइएको छ।

विद्यार्थीहरूका लागि महत्त्वपूर्ण सुझाव

  • Admit Card का एकभन्दा बढी प्रिन्ट प्रतिहरू तयार राख्नुहोस्।
  • Admit Card मा उल्लेख गरिएका सबै निर्देशनहरू ध्यानपूर्वक पढ्नुहोस्।
  • आवश्यक कागजातहरू साथमा लैजानुहोस्।
  • तोकिएको Reporting Time भन्दा ढिला नगर्नुहोस्।
  • निषेधित सामग्री परीक्षा केन्द्रमा नल्याउनुहोस्।
  • अफवाह वा अनौपचारिक जानकारीमा विश्वास नगरी आफ्नो अन्तिम तयारीमा ध्यान दिनुहोस्।

निष्कर्ष

NTA को नयाँ निर्णयले बैंक विवरण प्रमाणीकरणका कारण Admit Card डाउनलोड गर्न नसकेका NEET-UG 2026 Re-Exam विद्यार्थीहरूलाई ठूलो राहत दिएको छ। अब विद्यार्थीहरूले पहिले Admit Card डाउनलोड गर्न र बैंक विवरण पुष्टि पछि गर्न सक्नेछन्।

विद्यार्थीहरूले तत्काल आधिकारिक वेबसाइटमा गएर आफ्नो Admit Card डाउनलोड गरी सबै विवरण जाँच गर्नुपर्छ र जुन 21 को पुनः परीक्षाका लागि आत्मविश्वासका साथ तयारी गर्नुपर्छ।

Top 4 Ayurveda Colleges in Karnataka: Why They Are Considered the Best for BAMS Aspirants

Karnataka has emerged as one of India’s leading destinations for Ayurvedic education. Every year, thousands of NEET-qualified students prefer Karnataka for BAMS admissions because of its strong academic ecosystem, experienced faculty, advanced hospitals, and excellent clinical exposure.

Among the many Ayurveda colleges in the state, four institutions consistently stand out due to their academic reputation, infrastructure, patient inflow, research opportunities, and student outcomes.

1. SDM College of Ayurveda, Udupi

SDM College of Ayurveda is one of the oldest and most respected Ayurveda institutions in India. With a legacy spanning more than seven decades, the college has played a significant role in promoting Ayurvedic education, research, and patient care.

✅ Strong legacy and reputation in Ayurveda education
✅ Well-established teaching hospital with high patient inflow
✅ Advanced research facilities and diagnostic services
✅ Experienced faculty and clinical mentors
✅ Focus on traditional Ayurvedic principles combined with modern healthcare practices
✅ Excellent exposure to Panchakarma and specialized Ayurvedic treatments

Why Students Prefer SDM

Students receive extensive hands-on clinical training and exposure to a large variety of cases, making them industry-ready after graduation. The institution is widely respected among Ayurveda practitioners across India.

2. Alva’s Ayurveda Medical College, Moodbidri

Established in 1996 under the leadership of Dr. M. Mohan Alva, Alva’s Ayurveda Medical College has become one of the most sought-after BAMS colleges in South India. The institution is known for combining quality education with strong clinical training.

✅ Large intake and strong academic environment
✅ Fully functional Ayurveda hospital with multiple specialty departments
✅ Excellent rural and community healthcare exposure
✅ Strong focus on practical learning
✅ Modern infrastructure and student facilities
✅ Active participation in cultural, academic, and research activities

Why Students Prefer Alva’s

The college provides a balanced combination of academics, clinical practice, and personality development. Students gain exposure to real-world healthcare challenges while learning authentic Ayurveda.

3. JSS Ayurveda Medical College, Mysuru

JSS Ayurveda Medical College is recognized nationally for its academic excellence, research orientation, and quality healthcare services. Established in 1996 by JSS Mahavidyapeetha, the institution has built a strong reputation in Ayurvedic education.

✅ NABH-accredited teaching hospital
✅ Advanced research and evidence-based Ayurveda programs
✅ Modern classrooms and audio-visual learning systems
✅ Strong postgraduate and research opportunities
✅ Excellent clinical exposure through hospital services
✅ National-level academic recognition

Why Students Prefer JSS

JSS emphasizes evidence-based Ayurveda, clinical case-based learning, and research-oriented education. The institution regularly hosts national academic programs and research initiatives, helping students develop both clinical and scientific skills.

4. KLE Shri BM Kankanawadi Ayurveda Mahavidyalaya, Belagavi

KLE’s Ayurveda institution is one of the most prestigious Ayurveda colleges in Karnataka. Backed by the KLE educational network, the college is known for quality teaching, research, patient care, and strong institutional support.

✅ Strong academic heritage
✅ Comprehensive undergraduate and postgraduate programs
✅ Research-oriented learning environment
✅ Well-equipped teaching hospital
✅ Access to KLE’s extensive healthcare ecosystem
✅ Focus on preserving and advancing Ayurveda through scientific education

Students benefit from a structured academic framework, experienced faculty, and opportunities for research and specialization. The institution’s long-standing contribution to Ayurveda education has earned it national recognition.

What Makes These Four Colleges Stand Above the Rest?

These colleges consistently remain the preferred choice for BAMS aspirants because they offer:

What truly sets these four Ayurveda colleges apart is their commitment to providing a well-rounded educational experience. They are known for their strong faculty teams, structured academic curriculum, and consistent examination performance, ensuring that students receive a solid foundation in Ayurvedic sciences. One of their greatest strengths is the extensive clinical exposure they offer through high patient inflow in their attached teaching hospitals, allowing students to gain valuable hands-on experience and develop the practical skills required to become competent Ayurvedic physicians. These institutions also encourage research and innovation by providing opportunities to participate in research projects, seminars, conferences, workshops, and scientific publications. In addition, their modern infrastructure—including well-equipped classrooms, libraries, laboratories, hostels, and hospital facilities—creates an ideal learning environment for academic and professional growth. As a result, graduates from these colleges are well-prepared for diverse career opportunities, including higher studies, clinical practice, hospital administration, teaching, research, and various healthcare-related fields.

Conclusion

When it comes to pursuing BAMS in Karnataka, **SDM Udupi**, **Alva’s Moodbidri**, **JSS Mysuru**, and **KLE Belagavi** are widely regarded as the top choices due to their exceptional academic standards, hospital exposure, research ecosystem, and institutional reputation.

For students seeking quality Ayurvedic education and long-term career growth, these four colleges continue to set the benchmark for excellence in Ayurveda education in Karnataka.

री-NEET 2026 स्थगित हुनेछ? १,४०० भन्दा बढी विद्यार्थीले केन्द्र सरकार र NTA सँग थप समय मागे

नयाँ दिल्ली: राष्ट्रिय परीक्षा एजेन्सी (NTA) ले NEET-UG 2026 को पुनः परीक्षा (Re-NEET) सञ्चालन गर्ने तयारी गरिरहेका बेला देशभरका विद्यार्थीहरूमा चिन्ता बढेको छ। हाल जुन २१ (आइतबार) का लागि तय गरिएको पुनः परीक्षालाई कम्तीमा एक महिना पछाडि सार्नुपर्ने माग गर्दै १,४०० भन्दा बढी अभ्यर्थीहरूले शिक्षा मन्त्रालय र NTA समक्ष औपचारिक निवेदन पेश गरेका छन्।

मे ३ मा आयोजित मूल NEET-UG 2026 परीक्षामा २२ लाखभन्दा बढी विद्यार्थी सहभागी भएका थिए। तर प्रश्नपत्र चुहावटको आरोपपछि उक्त परीक्षा रद्द गरी पुनः परीक्षा लिने निर्णय गरिएको थियो। NTA ले नयाँ प्रवेशपत्र (Admit Card) समेत जारी गरिसकेको भए पनि विद्यार्थीहरूले अत्यन्त छोटो तयारी समयले उनीहरूलाई गम्भीर मानसिक तनावमा धकेलेको बताएका छन्।

“भारतको सबैभन्दा कठिन परीक्षामध्ये एकका लागि पर्याप्त समय छैन”

यो निवेदन अधिवक्ता विनीत जिन्दल मार्फत देशभरका १,४६७ NEET अभ्यर्थीहरूको तर्फबाट शिक्षा मन्त्रालयमा पेश गरिएको हो। जिन्दलले विद्यार्थीहरूले भोगिरहेको मानसिक दबाबप्रति गम्भीर चिन्ता व्यक्त गरेका छन्।

उनले पत्रमा उल्लेख गरेका छन्,

“परीक्षा रद्द भएर पुनः सञ्चालन गर्नुपर्ने परिस्थितिका लागि विद्यार्थी जिम्मेवार छैनन्। तर अहिले उनीहरू अनिश्चितता, तनाव र शैक्षिक अवरोधको भार बोकेर बस्न बाध्य भएका छन्।”

उनका अनुसार, NEET जस्तो अत्यन्त प्रतिस्पर्धात्मक र कठिन परीक्षाको पुनः तयारीका लागि यति छोटो समय दिनु विद्यार्थीप्रति अन्यायपूर्ण हुनेछ।

विद्यार्थीहरूले उठाएका मुख्य गुनासाहरू

१. मानसिक तथा भावनात्मक तनाव: अचानक पुनः परीक्षाको घोषणा भएपछि धेरै विद्यार्थीमा अत्यधिक तनाव, चिन्ता, निद्राको समस्या र पढाइमा ध्यान केन्द्रित गर्न कठिनाइ देखिएको बताइएको छ।

२. तयारीको चक्र बिग्रिनु: धेरै विद्यार्थीहरूले मे ३ को परीक्षा पछि आफ्नो तयारी समाप्त गरी काउन्सेलिङ, भर्ना प्रक्रिया तथा अन्य शैक्षिक योजनातर्फ ध्यान केन्द्रित गरिसकेका थिए। पुनः छोटो समयमा तयारी गर्नुपर्ने अवस्था उनीहरूका लागि चुनौतीपूर्ण बनेको छ।

३. उच्च अंक ल्याएका विद्यार्थीमाथि अन्याय: पहिलो परीक्षामा राम्रो प्रदर्शन गरेका विद्यार्थीहरू आफ्नो गल्ती नभएको अवस्थामा फेरि परीक्षा दिन बाध्य हुनु समान अवसरको सिद्धान्तविपरीत भएको उनीहरूको भनाइ छ।

४. ग्रामीण क्षेत्रका विद्यार्थीको समस्या: दूरदराज तथा ग्रामीण क्षेत्रका विद्यार्थीहरूले छोटो सूचनामा परीक्षा केन्द्रसम्म पुग्न यात्रा, बसोबास र अन्य व्यवस्थापन गर्न कठिनाइ हुने बताएका छन्।

निष्पक्षताको माग

निवेदनमा NTA लाई पुनः परीक्षा कम्तीमा एक महिना स्थगित गरी पर्याप्त पूर्वसूचना सहित नयाँ मिति घोषणा गर्न अनुरोध गरिएको छ। जिन्दलले विद्यार्थीहरूलाई शान्त र निष्पक्ष वातावरणमा प्रतिस्पर्धा गर्ने अवसर प्रदान गरिए मात्र परीक्षा प्रणालीप्रतिको विश्वास पुनः स्थापित हुन सक्ने बताएका छन्।

हालसम्म भने NTA ले जुन २१ को निर्धारित मितिमा कुनै परिवर्तनको आधिकारिक संकेत दिएको छैन। त्यसैले लाखौं प्रभावित विद्यार्थीहरू अन्तिम निर्णयका लागि शिक्षा मन्त्रालय र NTA को प्रतिक्रियालाई नजिकबाट हेरिरहेका छन्।

ब्युटिसियन NEET-UG पेपर लिक अनुसन्धानमा मुख्य कडीको रूपमा देखिइन्

NEET-UG प्रश्नपत्र लिक प्रकरणले फेरि नयाँ मोड लिएको छ। CBI अनुसन्धान अनुसार पुणेकी एक ब्युटिसियनले विद्यार्थीहरूलाई लिक भएको प्रश्नपत्रसँग जोड्ने महत्त्वपूर्ण भूमिका खेलेको आशंका गरिएको छ।

रिपोर्टहरूका अनुसार ४६ वर्षीया Manisha Waghmare, जो पुणेस्थित ब्युटिसियन हुन्, यस प्रकरणमा “साझा कडी (Common Link)” का रूपमा देखिएकी छन्। उनी विभिन्न विद्यार्थी र अभिभावकहरूसँग परिचित थिइन्, किनभने केही व्यक्तिहरू उनीमार्फत ट्युसन शिक्षकहरूको सिफारिस खोज्ने गर्थे।

अनुसन्धानकर्ताहरूका अनुसार उनले यिनै सम्पर्कहरू प्रयोग गरेर प्रश्नपत्र किन्न इच्छुक विद्यार्थीहरू पहिचान गरेको आशंका गरिएको छ।

यसैबीच, CBI ले ५७ वर्षीया Manisha Mandhare लाई पनि पक्राउ गरिसकेको छ, जो कथित रूपमा NEET-UG 2026 को NTA प्रश्नपत्र निर्माण समितिको सदस्य थिइन्। अनुसन्धान अनुसार उनलाई Botany र Zoology विषयका प्रश्नपत्रहरूमा पहुँच थियो र उनले आर्थिक लाभका लागि केही विद्यार्थीहरूलाई प्रश्नपत्र उपलब्ध गराएको आरोप लगाइएको छ।

अनुसन्धानमा Mandhare, Waghmare तथा सेवानिवृत्त शिक्षक P.V. Kulkarni मिलेर प्रश्नपत्र बेच्ने योजना बनाएको आशंका गरिएको छ। रिपोर्टअनुसार प्रत्येक विद्यार्थीबाट करिब १० लाख रुपैयाँ मागिएको थियो र प्राप्त रकम आपसमा बाँड्ने योजना पनि बनाइएको थियो।

लिक भएको प्रश्नपत्र विभिन्न व्यक्तिहरूमार्फत अन्य शहरका विद्यार्थीहरूसम्म पुर्‍याइएको बताइएको छ। CBI को विश्वास अनुसार यो सामान्य वा सानो घटना नभई संगठित प्रश्नपत्र लिक सञ्जाल को हिस्सा हुन सक्छ।

एजेन्सीले अदालतलाई अनुसन्धान अझ प्रारम्भिक चरणमै रहेको बताउँदै आगामी दिनमा थप व्यक्तिहरूको पहिचान र गिरफ्तारी हुन सक्ने जनाएको छ।

यस घटनाले पुनः परीक्षा सुरक्षा, विद्यार्थीहरूको विश्वास तथा लाखौं NEET परीक्षार्थीहरूको भविष्यबारे गम्भीर प्रश्न उठाएको छ। विद्यार्थी तथा अभिभावकलाई अफवाहबाट टाढा रहन, आधिकारिक जानकारीको प्रतीक्षा गर्न तथा प्रश्नपत्र वा छोटो बाटो उपलब्ध गराउने दाबी गर्ने व्यक्तिहरूमाथि विश्वास नगर्न सुझाव दिइएको छ।

NEET-UG 2026 प्रश्नपत्र लिक विवादपछि NTA मा नेतृत्व सुदृढीकरण

दिल्ली, मे १७, २०२६ — NEET-UG 2026 प्रश्नपत्र लिक विवाद र मे ३ मा भएको परीक्षा रद्द भएपछि सरकारले राष्ट्रिय परीक्षा एजेन्सी (NTA) लाई थप सुदृढ बनाउन तीव्र कदम चालेको छ। शनिबार NTA मा दुई संयुक्त निर्देशक (Joint Directors)दुई संयुक्त सचिव (Joint Secretaries) नियुक्त गरिएका छन्। यस कदमलाई जुन २१, २०२६ मा हुने पुनः परीक्षालाई व्यवस्थित र पारदर्शी बनाउन गरिएको प्रयासका रूपमा हेरिएको छ।

मुख्य नियुक्तिहरू

संयुक्त सचिवहरू (Joint Secretaries):

  • अनुजा बापट — भारतीय सांख्यिकीय सेवा (ISS), १९९८ ब्याच
  • रुचिता विज — भारतीय राजस्व सेवा (IRS), २००४ ब्याच

यी दुवै अधिकारीहरू पाँच वर्ष वा अर्को आदेश नआएसम्म कार्यरत रहनेछन्।

संयुक्त निर्देशकहरू (Joint Directors):

  • आकाश जैन — IRS (२०१३ ब्याच), डिसेम्बर ४, २०२९ सम्म नियुक्त
  • आदित्य राजेन्द्र भोजगढिया — भारतीय लेखा तथा लेखापरीक्षण सेवा (IAAS), २०१३ ब्याच, मे १६, २०२८ सम्म नियुक्त

कार्मिक तथा प्रशिक्षण विभाग (DoPT) ले जानकारी दिए अनुसार, उपसचिव/निर्देशक स्तरका दुई रिक्त पदहरू प्रारम्भिक दुई वर्षका लागि स्तरोन्नति गरेर यी नियुक्तिहरू गरिएको हो।

पृष्ठभूमि

यी नियुक्तिहरू विभिन्न निगरानी निकायहरूको सिफारिसपछि गरिएको हो।

  • के. राधाकृष्णन को नेतृत्वमा रहेको सात सदस्यीय समितिले NEET-UG 2024 प्रश्नपत्र लिकको अनुसन्धानपछि स्थायी कर्मचारी भर्ना गर्न सुझाव दिएको थियो।
  • डिसेम्बर २०२५ मा संसदीय समितिले पनि NTA को आन्तरिक संरचना बलियो बनाउन आग्रह गरेको थियो।

यी सुझावपछि सरकारले NTA भित्र १६ नयाँ पदहरू सिर्जना गरेको थियो। तर हालसम्म केवल तीन संयुक्त निर्देशकहरू मात्र नियुक्त भएका थिए, जसले नयाँ नियुक्तिको आवश्यकता झन स्पष्ट बनाएको थियो।

प्रभाव

NTA माथि लामो समयदेखि बाह्य कर्मचारीहरूमा अत्यधिक निर्भर रहेको आरोप लाग्दै आएको छ, जसले परीक्षा सञ्चालनमा पारदर्शिताजवाफदेहिता सम्बन्धी प्रश्न उठाएको थियो।

NEET-UG 2026 को पुनः परीक्षा नजिकिँदै गर्दा यी नियुक्तिहरूले विद्यार्थी, अभिभावक र सम्बन्धित पक्षहरूमा विश्वास बढाउने अपेक्षा गरिएको छ।

निष्कर्ष

यी नयाँ नियुक्तिहरूले परीक्षा प्रणालीको विश्वसनीयता पुनःस्थापित गर्न तथा भविष्यमा यस्ता समस्या दोहोरिन नदिन सरकार गम्भीर रहेको संकेत दिएको छ। साथै, मेडिकल भर्ना प्रक्रियालाई प्रभावकारी र सुरक्षित बनाउने दिशामा यो महत्त्वपूर्ण कदम मानिएको छ।

NEET UG 2026 जीवविज्ञान प्रश्नपत्र लिक प्रकरणमा पुणेका वनस्पति विज्ञान शिक्षक पक्राउ

NEET UG 2026 प्रश्नपत्र लिक प्रकरणको अनुसन्धानले अर्को गम्भीर मोड लिएको छ। यस सम्बन्धमा भारतको केन्द्रीय अनुसन्धान ब्युरो (CBI) ले पुणेस्थित शिक्षिका मनीषा गुरुनाथ मंधारे लाई कथित जीवविज्ञान प्रश्नपत्र लिक प्रकरणमा पक्राउ गरेको छ।

रिपोर्टअनुसार मंधारे महाराष्ट्रकी वरिष्ठ वनस्पति विज्ञान (Botany) शिक्षिका हुन् र उनी राष्ट्रिय परीक्षा एजेन्सी (NTA) सँग विज्ञको रूपमा परीक्षा प्रणालीसँग जोडिएकी थिइन्। उनी पुणेको शिवाजीनगरस्थित मोडर्न कलेज अफ आर्ट्स, साइन्स एन्ड कमर्स मा कार्यरत रहेको बताइएको छ।

जीवविज्ञानका प्रश्नहरूमा पहुँच भएको आरोप

अनुसन्धानकर्ताहरूका अनुसार मंधारे NEET UG 2026 का BotanyZoology सम्बन्धी प्रश्न तयार गर्ने प्रक्रियामा संलग्न थिइन्। यस भूमिकाका कारण मे ३, २०२६ मा भएको परीक्षाभन्दा अघि नै उनले गोप्य जीवविज्ञान प्रश्नहरूमा पहुँच पाएको बताइएको छ।

CBI ले उक्त पहुँचको दुरुपयोग गरी चयनित विद्यार्थीहरूलाई सम्भावित वा गोप्य प्रश्नहरू उपलब्ध गराइएको थियो वा थिएन भन्ने विषयमा अनुसन्धान गरिरहेको छ।

विशेष कोचिङ सत्र पनि अनुसन्धानको दायरामा

अनुसन्धान अनुसार मंधारेले यसअघि पक्राउ परेकी अर्की अभियुक्त मनीषा वाघमारे मार्फत केही NEET परीक्षार्थीहरूलाई छनोट गरेको आरोप छ।

CBI अधिकारीहरूका अनुसार अप्रिल २०२६ मा पुणेस्थित मंधारेको निवासमा विशेष कोचिङ सत्र सञ्चालन गरिएको थियो। ती सत्रहरूमा विद्यार्थीहरूलाई महत्वपूर्ण Botany तथा Zoology प्रश्नहरू नोटबुकमा लेख्न र पाठ्यपुस्तकमा चिन्ह लगाउन भनिएको थियो।

अनुसन्धानकर्ताहरूले दाबी गरेका छन् कि तीमध्ये धेरै प्रश्नहरू पछि वास्तविक NEET UG 2026 को जीवविज्ञान प्रश्नपत्रसँग मिलेको पाइएको छ।

आन्तरिक नेटवर्कको सम्भावित संलग्नता

अब अनुसन्धान निम्न पक्षहरूमा केन्द्रित भएको छ:

  • परीक्षा प्रक्रियासँग जोडिएका आन्तरिक व्यक्तिहरू
  • बिचौलियाहरू
  • चयनित उम्मेदवारहरू
  • आर्थिक कारोबार
  • कोचिङसँग सम्बन्धित नेटवर्कहरू

CBI लाई केही उम्मेदवारहरूले परीक्षा अगाडि सम्भावित वा लिक भएका प्रश्नहरू प्राप्त गर्न ठूलो रकम तिरेको हुनसक्ने आशंका छ।

हालसम्म ९ जना पक्राउ

मंधारे पक्राउ परेसँगै NEET UG 2026 प्रश्नपत्र लिक प्रकरणमा पक्राउ पर्नेहरूको संख्या ९ पुगेको बताइएको छ। शिक्षा मन्त्रालय अन्तर्गतको उच्च शिक्षा विभाग को उजुरीपछि CBI ले मे १२, २०२६ मा यो मुद्दा औपचारिक रूपमा दर्ता गरेको थियो।

पुनः परीक्षा जुन २१ मा

प्रश्नपत्र लिक विवादपछि NEET UG 2026 परीक्षा रद्द गरिएको थियो र पुनः परीक्षा जुन २१, २०२६ मा सञ्चालन हुने तय गरिएको छ।

विद्यार्थीहरूलाई NTA का आधिकारिक सूचनाहरू मात्र पछ्याउन तथा सामाजिक सञ्जालमा फैलिने अफवाहहरूबाट सावधान रहन सुझाव दिइएको छ।

निष्कर्ष

मनीषा गुरुनाथ मंधारेको गिरफ्तारीले NEET UG 2026 प्रश्नपत्र लिक अनुसन्धानमा जीवविज्ञानसँग सम्बन्धित ठूलो पक्ष उजागर गरेको छ। यस घटनाले परीक्षा गोपनीयता, आन्तरिक पहुँचको दुरुपयोग र भारतको सबैभन्दा ठूलो मेडिकल प्रवेश परीक्षा प्रणालीको सुरक्षामाथि गम्भीर प्रश्न उठाएको छ।

विद्यार्थीहरूका लागि अहिले सबैभन्दा महत्वपूर्ण कुरा भनेको शान्त रहँदै पुनः परीक्षाको तयारी गर्नु र आधिकारिक सूचनामात्र विश्वास गर्नु हो।

NEET-UG 2026 प्रश्नपत्र लीक प्रकरणमा CBI ले सेवानिवृत्त प्राध्यापकलाई पक्राउ गर्‍यो

NEET-UG 2026 प्रश्नपत्र लीक अनुसन्धानमा ठूलो मोड आएको छ। केन्द्रीय अनुसन्धान ब्युरो (CBI) ले प्रश्नपत्र तयार गर्ने टोलीसँग सम्बन्धित रहेको आरोपमा एक सेवानिवृत्त रसायनशास्त्र प्राध्यापकलाई पक्राउ गरेको छ।

रिपोर्टअनुसार, आरोपित प्राध्यापकको पहिचान महाराष्ट्रको लातुरका पी.भी. कुलकर्णी को रूपमा गरिएको छ। उनी NTA (National Testing Agency) को प्रश्न निर्माण प्रक्रियासँग सम्बन्धित रहेको बताइएको छ। अनुसन्धानकर्ताहरूका अनुसार उनले सुरुआतमा स्थानीय स्तरमा खरिदकर्ता नपाएपछि प्रश्नपत्रलाई व्यापक सञ्जालमार्फत फैलाउने प्रयास गरेको आरोप छ।

CBI अधिकारीहरूका अनुसार NEET-UG 2026 परीक्षाभन्दा अघि विशेष कोचिङ सत्रहरू सञ्चालन गरिएको थियो, जहाँ चयन गरिएका विद्यार्थीहरूलाई कथित रूपमा प्रश्न, उत्तर विकल्पहरू तथा सही उत्तरहरू बताइएको थियो। अनुसन्धानकर्ताहरूले विद्यार्थीहरूले हस्तलिखित रूपमा टिपेका प्रश्नहरू मे ३, २०२६ मा सञ्चालन भएको वास्तविक NEET प्रश्नपत्रसँग निकै मिल्दोजुल्दो रहेको बताएका छन्।

यस अनुसन्धानको दायरा कोचिङ संस्थानहरू तथा यस प्रकरणसँग सम्बन्धित बिचौलियासम्म विस्तार गरिएको छ। अधिकारीहरूले कथित लीक सञ्जालसँग सम्बन्धित आर्थिक कारोबारको खोजी गर्दै इलेक्ट्रोनिक उपकरणहरू र वित्तीय अभिलेखहरू पनि जफत गरेको बताएका छन्।

CBI ले अहिले प्रश्नपत्र निर्माण प्रक्रियामा संलग्न अन्य व्यक्तिहरू वा NTA सम्बन्धित प्रणालीसँग जोडिएका थप व्यक्तिहरूको पनि भूमिका रहेको थियो वा थिएन भन्ने विषयमा अनुसन्धान गरिरहेको छ।

यस घटनाले NEET-UG 2026 को परीक्षा सुरक्षा, पारदर्शिता तथा परीक्षाको विश्वसनीयतामाथि देशभर गम्भीर चिन्ता बढाएको छ।