NEET UG 2026 री-एग्जाम के लिए एडमिट कार्ड डाउनलोड करने का अंतिम अवसर, NTA ने जारी किया महत्वपूर्ण नो

नई दिल्ली, 17 जून 2026: राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी (NTA) ने NEET UG 2026 पुनर्परीक्षा (Re-Examination) में शामिल होने वाले उम्मीदवारों के लिए एक महत्वपूर्ण सार्वजनिक सूचना जारी की है। यह परीक्षा 21 जून 2026 को आयोजित की जाएगी।

NTA के अनुसार, 14 जून 2026 को एडमिट कार्ड जारी किए जाने के बाद अब तक लगभग 16 लाख अभ्यर्थी अपने प्रवेश पत्र सफलतापूर्वक डाउनलोड कर चुके हैं। हालांकि, कुछ उम्मीदवारों ने अपनी बैंक खाता संबंधी जानकारी पूर्ण न होने के कारण एडमिट कार्ड डाउनलोड करने में कठिनाई होने की शिकायत की थी।

इसी को ध्यान में रखते हुए NTA ने उम्मीदवारों को एक अतिरिक्त सुविधा प्रदान करने का निर्णय लिया है, जिससे वे बिना किसी परेशानी के अपना एडमिट कार्ड डाउनलोड कर सकें।

उम्मीदवारों के लिए उपलब्ध दो विकल्प

अब उम्मीदवार NTA की आधिकारिक वेबसाइट पर लॉगिन करके निम्नलिखित में से किसी एक विकल्प का चयन कर सकते हैं:

विकल्प 1

  • पहले एडमिट कार्ड डाउनलोड करें।
  • बैंक खाते की जानकारी की समीक्षा और पुष्टि बाद में करें।
  • परीक्षा शुल्क वापसी (Fee Refund) की प्रक्रिया बाद में पूरी की जा सकती है।

विकल्प 2

  • पहले बैंक खाते की जानकारी की समीक्षा और पुष्टि करें।
  • इसके बाद एडमिट कार्ड डाउनलोड करें।
  • शुल्क वापसी की प्रक्रिया तुरंत पूरी करें।

NTA ने क्या कहा?

NTA ने स्पष्ट किया है कि सभी उम्मीदवारों को 21 जून 2026 को होने वाली NEET UG 2026 परीक्षा के लिए समय रहते अपना एडमिट कार्ड डाउनलोड कर लेना चाहिए। एजेंसी ने यह भी कहा है कि जिन उम्मीदवारों को किसी प्रकार की तकनीकी समस्या या अन्य कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है, वे NTA हेल्पलाइन से संपर्क कर सकते हैं।

सहायता के लिए संपर्क

यदि किसी उम्मीदवार को एडमिट कार्ड डाउनलोड करने में समस्या आती है, तो वह निम्न माध्यमों से सहायता प्राप्त कर सकता है:

  • हेल्पलाइन नंबर: 011-40759000
  • हेल्पलाइन नंबर: 011-69227700
  • ई-मेल: neetug2026@nta.ac.in

महत्वपूर्ण सलाह

NTA ने सभी अभ्यर्थियों को सलाह दी है कि वे केवल आधिकारिक वेबसाइटों से ही जानकारी प्राप्त करें और किसी भी अफवाह या भ्रामक सूचना पर विश्वास न करें।

उम्मीदवार नवीनतम अपडेट के लिए NTA और NEET की आधिकारिक वेबसाइट नियमित रूप से देखते रहें।

निष्कर्ष

NEET UG 2026 पुनर्परीक्षा में शामिल होने वाले उम्मीदवारों के लिए यह एक महत्वपूर्ण राहत है। अब बैंक विवरण की प्रक्रिया के कारण एडमिट कार्ड डाउनलोड करने में आने वाली बाधा दूर हो गई है। सभी अभ्यर्थियों को सलाह दी जाती है कि वे जल्द से जल्द अपना एडमिट कार्ड डाउनलोड करें और परीक्षा की तैयारी पर पूरा ध्यान केंद्रित करें।

NEET UG 2026 రీ-ఎగ్జామ్ అడ్మిట్ కార్డులు విడుదల!

నేషనల్ టెస్టింగ్ ఏజెన్సీ (NTA) NEET UG 2026 రీ-ఎగ్జామినేషన్‌కు సంబంధించిన అడ్మిట్ కార్డులను విడుదల చేసింది. ఈ పరీక్ష 2026 జూన్ 21వ తేదీ, ఆదివారం నిర్వహించబడనుంది.

2026 జూన్ 14న విడుదల చేసిన అధికారిక నోటీసు ప్రకారం, రీ-ఎగ్జామినేషన్‌కు హాజరయ్యే అభ్యర్థులు తమ అడ్మిట్ కార్డులను అధికారిక వెబ్‌సైట్ neet.nta.nic.in నుండి డౌన్‌లోడ్ చేసుకోవచ్చు.

NEET UG 2026 రీ-ఎగ్జామినేషన్ తేదీ మరియు సమయం

  • తేదీ: 21 జూన్ 2026, ఆదివారం
  • సమయం: మధ్యాహ్నం 2:00 గంటల నుండి సాయంత్రం 5:15 గంటల వరకు
  • పరీక్ష విధానం: ఆఫ్‌లైన్ (పెన్ & పేపర్ మోడ్)
  • అడ్మిట్ కార్డ్ విడుదల తేదీ: 14 జూన్ 2026
  • అధికారిక వెబ్‌సైట్: neet.nta.nic.in

అభ్యర్థులు తమ లాగిన్ వివరాలను ఉపయోగించి అధికారిక వెబ్‌సైట్ ద్వారా మాత్రమే అడ్మిట్ కార్డును డౌన్‌లోడ్ చేసుకోవాలి.

అభ్యర్థులకు ముఖ్య సూచనలు

అడ్మిట్ కార్డులో పేర్కొన్న క్రింది వివరాలను జాగ్రత్తగా పరిశీలించాలి:

  • అభ్యర్థి పేరు
  • రోల్ నంబర్
  • పరీక్షా కేంద్రం
  • రిపోర్టింగ్ సమయం
  • పరీక్షా రోజు సూచనలు
  • ఫోటో మరియు సంతకం వివరాలు

అడ్మిట్ కార్డ్ డౌన్‌లోడ్ చేసుకునే ముందు రీఫండ్ ప్రక్రియకు సంబంధించిన బ్యాంక్ ఖాతా వివరాలను కూడా ధృవీకరించాలని NTA సూచించింది.

అలాగే, పరీక్షకు హాజరయ్యే ముందు అడ్మిట్ కార్డులో మరియు NEET UG 2026 ఇన్ఫర్మేషన్ బులెటిన్‌లో ఉన్న అన్ని సూచనలను పూర్తిగా చదవాలి.

పరీక్షా కేంద్రం వివరాలు

అభ్యర్థులకు కేటాయించిన పరీక్షా కేంద్రం వివరాలు అడ్మిట్ కార్డులో అందుబాటులో ఉంటాయి. పరీక్షా రోజున ఎలాంటి ఇబ్బందులు తలెత్తకుండా ముందుగానే పరీక్షా కేంద్రాన్ని సందర్శించడం మంచిది.

అడ్మిట్ కార్డ్ డౌన్‌లోడ్‌లో సమస్యలు ఎదురైతే

అడ్మిట్ కార్డ్ డౌన్‌లోడ్ చేయడంలో ఏవైనా ఇబ్బందులు ఎదురైతే, అభ్యర్థులు NTA హెల్ప్‌లైన్‌ను సంప్రదించవచ్చు.

హెల్ప్‌లైన్ నంబర్లు:

  • 011-40759000
  • 011-69227700

ఈమెయిల్:

తాజా సమాచారం కోసం అధికారిక వెబ్‌సైట్లు

  • nta.ac.in
  • neet.nta.nic.in

విద్యార్థులకు ICCC Bharat సూచన

విద్యార్థులు చివరి నిమిషం వరకు వేచి ఉండకుండా వెంటనే అడ్మిట్ కార్డును డౌన్‌లోడ్ చేసుకోవాలి. అందులోని వివరాలను జాగ్రత్తగా పరిశీలించి, ఒకటి కంటే ఎక్కువ ప్రింట్ కాపీలు తీసుకుని, పరీక్షా రోజున చెల్లుబాటు అయ్యే ఫోటో గుర్తింపు కార్డును వెంట తీసుకెళ్లాలి.

NEET UG అడ్మిషన్లు, MBBS/BDS కౌన్సెలింగ్, కాలేజ్ ఎంపిక, చాయిస్ ఫిల్లింగ్ మరియు అడ్మిషన్ గైడెన్స్ కోసం విద్యార్థులు ICCC Bharat‌ను సంప్రదించవచ్చు.

ICCC Bharat – Information Cum Career Counseling Center

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री-NEET 2026 स्थगित हुनेछ? १,४०० भन्दा बढी विद्यार्थीले केन्द्र सरकार र NTA सँग थप समय मागे

नयाँ दिल्ली: राष्ट्रिय परीक्षा एजेन्सी (NTA) ले NEET-UG 2026 को पुनः परीक्षा (Re-NEET) सञ्चालन गर्ने तयारी गरिरहेका बेला देशभरका विद्यार्थीहरूमा चिन्ता बढेको छ। हाल जुन २१ (आइतबार) का लागि तय गरिएको पुनः परीक्षालाई कम्तीमा एक महिना पछाडि सार्नुपर्ने माग गर्दै १,४०० भन्दा बढी अभ्यर्थीहरूले शिक्षा मन्त्रालय र NTA समक्ष औपचारिक निवेदन पेश गरेका छन्।

मे ३ मा आयोजित मूल NEET-UG 2026 परीक्षामा २२ लाखभन्दा बढी विद्यार्थी सहभागी भएका थिए। तर प्रश्नपत्र चुहावटको आरोपपछि उक्त परीक्षा रद्द गरी पुनः परीक्षा लिने निर्णय गरिएको थियो। NTA ले नयाँ प्रवेशपत्र (Admit Card) समेत जारी गरिसकेको भए पनि विद्यार्थीहरूले अत्यन्त छोटो तयारी समयले उनीहरूलाई गम्भीर मानसिक तनावमा धकेलेको बताएका छन्।

“भारतको सबैभन्दा कठिन परीक्षामध्ये एकका लागि पर्याप्त समय छैन”

यो निवेदन अधिवक्ता विनीत जिन्दल मार्फत देशभरका १,४६७ NEET अभ्यर्थीहरूको तर्फबाट शिक्षा मन्त्रालयमा पेश गरिएको हो। जिन्दलले विद्यार्थीहरूले भोगिरहेको मानसिक दबाबप्रति गम्भीर चिन्ता व्यक्त गरेका छन्।

उनले पत्रमा उल्लेख गरेका छन्,

“परीक्षा रद्द भएर पुनः सञ्चालन गर्नुपर्ने परिस्थितिका लागि विद्यार्थी जिम्मेवार छैनन्। तर अहिले उनीहरू अनिश्चितता, तनाव र शैक्षिक अवरोधको भार बोकेर बस्न बाध्य भएका छन्।”

उनका अनुसार, NEET जस्तो अत्यन्त प्रतिस्पर्धात्मक र कठिन परीक्षाको पुनः तयारीका लागि यति छोटो समय दिनु विद्यार्थीप्रति अन्यायपूर्ण हुनेछ।

विद्यार्थीहरूले उठाएका मुख्य गुनासाहरू

१. मानसिक तथा भावनात्मक तनाव: अचानक पुनः परीक्षाको घोषणा भएपछि धेरै विद्यार्थीमा अत्यधिक तनाव, चिन्ता, निद्राको समस्या र पढाइमा ध्यान केन्द्रित गर्न कठिनाइ देखिएको बताइएको छ।

२. तयारीको चक्र बिग्रिनु: धेरै विद्यार्थीहरूले मे ३ को परीक्षा पछि आफ्नो तयारी समाप्त गरी काउन्सेलिङ, भर्ना प्रक्रिया तथा अन्य शैक्षिक योजनातर्फ ध्यान केन्द्रित गरिसकेका थिए। पुनः छोटो समयमा तयारी गर्नुपर्ने अवस्था उनीहरूका लागि चुनौतीपूर्ण बनेको छ।

३. उच्च अंक ल्याएका विद्यार्थीमाथि अन्याय: पहिलो परीक्षामा राम्रो प्रदर्शन गरेका विद्यार्थीहरू आफ्नो गल्ती नभएको अवस्थामा फेरि परीक्षा दिन बाध्य हुनु समान अवसरको सिद्धान्तविपरीत भएको उनीहरूको भनाइ छ।

४. ग्रामीण क्षेत्रका विद्यार्थीको समस्या: दूरदराज तथा ग्रामीण क्षेत्रका विद्यार्थीहरूले छोटो सूचनामा परीक्षा केन्द्रसम्म पुग्न यात्रा, बसोबास र अन्य व्यवस्थापन गर्न कठिनाइ हुने बताएका छन्।

निष्पक्षताको माग

निवेदनमा NTA लाई पुनः परीक्षा कम्तीमा एक महिना स्थगित गरी पर्याप्त पूर्वसूचना सहित नयाँ मिति घोषणा गर्न अनुरोध गरिएको छ। जिन्दलले विद्यार्थीहरूलाई शान्त र निष्पक्ष वातावरणमा प्रतिस्पर्धा गर्ने अवसर प्रदान गरिए मात्र परीक्षा प्रणालीप्रतिको विश्वास पुनः स्थापित हुन सक्ने बताएका छन्।

हालसम्म भने NTA ले जुन २१ को निर्धारित मितिमा कुनै परिवर्तनको आधिकारिक संकेत दिएको छैन। त्यसैले लाखौं प्रभावित विद्यार्थीहरू अन्तिम निर्णयका लागि शिक्षा मन्त्रालय र NTA को प्रतिक्रियालाई नजिकबाट हेरिरहेका छन्।

भारतमा फिजियोथेरापीको भविष्य: २०२६ र त्यसपछिको एक उदीयमान स्वास्थ्य सेवा करियर

भारतमा फिजियोथेरापी अहिले केवल सहायक स्वास्थ्य सेवा भूमिकामा सीमित छैन, यो भविष्यको सबैभन्दा सम्मानित र सम्भावनायुक्त चिकित्सा पेशामध्ये एक बन्दै गएको छ। पुनर्स्थापना (Rehabilitation), रोकथाममुखी स्वास्थ्य सेवा, खेलकुद चोटपटक, दीर्घकालीन दुखाइ व्यवस्थापन तथा शल्यक्रियापछिको उपचारप्रति बढ्दो सचेतनाका कारण भारत तथा विश्वभर योग्य फिजियोथेरापिस्टहरूको माग तीव्र रूपमा बढिरहेको छ।

आज फिजियोथेरापिस्टहरूले केवल बिरामीलाई चोटपटकबाट निको पार्ने मात्र होइन, समग्र स्वास्थ्य सेवा प्रणालीको एक महत्वपूर्ण हिस्सा बनेका छन्। अस्पताल, खेलकुद संस्था, होम हेल्थकेयर सेवा तथा डिजिटल रिह्याबिलिटेशन स्टार्टअपहरूमा फिजियोथेरापी पेशेवरहरूको अवसर दिनप्रतिदिन विस्तार भइरहेको छ।

फिजियोथेरापी उद्योगको तीव्र वृद्धि

भारतीय फिजियोथेरापी बजार सन् २०३० सम्म करिब १.९ बिलियन डलरसम्म पुग्ने अनुमान गरिएको छ, जसको वार्षिक वृद्धिदर (CAGR) लगभग ८.८५% रहने अपेक्षा गरिएको छ। यसको मुख्य कारणहरू:

  • वृद्ध जनसंख्या र पुनर्स्थापनाको आवश्यकता
  • जीवनशैलीसम्बन्धी रोग तथा दीर्घकालीन दुखाइको वृद्धि
  • खेलकुद तथा फिटनेस गतिविधिमा बढ्दो सहभागिता
  • बिना शल्यक्रिया हुने उपचारप्रति आकर्षण
  • दुर्घटना तथा शल्यक्रियापछि पुनर्स्थापनाको आवश्यकता

स्वास्थ्य सेवा प्रणाली उपचारभन्दा बढी “Recovery” र “Preventive Care” तर्फ केन्द्रित हुँदै जाँदा, फिजियोथेरापी भारतको सबैभन्दा तीव्र रूपमा बढिरहेको Allied Health Profession मध्ये एक बनेको छ।

प्रविधिले परिवर्तन गर्दैछ फिजियोथेरापी

फिजियोथेरापीको भविष्य आधुनिक प्रविधिसँग गहिरो रूपमा जोडिएको छ। Digital Musculoskeletal (MSK) Healthcare बजार २०२५ देखि २०३२ सम्म २३.५% CAGR ले वृद्धि हुने अनुमान छ।

आधुनिक फिजियोथेरापीमा अब समावेश छन्:
  • टेलि-रिह्याबिलिटेशन र भर्चुअल कन्सल्टेशन
  • AI आधारित posture र movement assessment
  • Smart rehabilitation devices
  • Wearable fitness तथा therapy trackers
  • Gamification आधारित rehabilitation exercises

यी प्रविधिहरूले विशेषगरी ग्रामीण क्षेत्र तथा होम-केयर सेवामा फिजियोथेरापीलाई अझ सहज, प्रभावकारी र पहुँचयोग्य बनाइरहेका छन्।

उच्च माग भएका विशेषज्ञता क्षेत्रहरू

फिजियोथेरापी अब सामान्य rehabilitation मा मात्र सीमित छैन। विभिन्न specialized क्षेत्रहरूले विद्यार्थीहरूका लागि आकर्षक करियर अवसर सिर्जना गरिरहेका छन्।

Sports Physiotherapy

भारतमा खेलकुद संस्कृति, फिटनेस ट्रेन्ड तथा professional sports leagues को वृद्धि सँगै sports physiotherapists को माग तीव्र रूपमा बढेको छ। उनीहरू खेलाडीहरूको injury prevention, rehabilitation तथा performance enhancement मा महत्वपूर्ण भूमिका खेल्छन्।

Geriatric Physiotherapy

वृद्ध जनसंख्या बढ्दै जाँदा elderly care, mobility support तथा chronic disease management मा विशेषज्ञ फिजियोथेरापिस्टहरूको आवश्यकता बढिरहेको छ।

Neuro & ICU Rehabilitation

Stroke, neurological disorders तथा ICU उपचारपछि बिरामीलाई advanced rehabilitation आवश्यक पर्ने भएकाले यस क्षेत्रमा प्रशिक्षित physiotherapists को माग उच्च छ।

Orthopedic & Musculoskeletal Rehabilitation

Back pain, posture समस्या, joint pain तथा work-related injuries युवा पुस्तामा सामान्य बन्दै गएकाले orthopedic physiotherapy को आवश्यकता धेरै बढेको छ।

व्यावसायिक मान्यता र सम्मान

फिजियोथेरापी क्षेत्रमा सबैभन्दा महत्वपूर्ण उपलब्धिमध्ये एक हो National Commission for Allied and Healthcare Professions (NCAHP) Act को कार्यान्वयन।

यसले:

  • फिजियोथेरापी शिक्षालाई standardized बनाएको छ
  • पेशागत मान्यता र सम्मान बढाएको छ
  • सार्वजनिक तथा निजी स्वास्थ्य क्षेत्रमा अवसर विस्तार गरेको छ

अब BPT graduates लाई specialized healthcare professionals को रूपमा मान्यता दिइन्छ र उनीहरूले:

  • “Dr.” prefix
  • “PT” suffix

प्रयोग गर्न पाउने व्यवस्था गरिएको छ।

तलब र करियर अवसर: फिजियोथेरापी स्थिर तथा बढ्दो आम्दानी भएको करियर हो।

भारतमा औसत तलब
  • Entry-level: ₹२.४ – ₹३.६ लाख प्रति वर्ष
  • Mid-level professionals: ₹५ – ₹८ लाख प्रति वर्ष
  • Experienced specialists: ₹८ लाखभन्दा बढी
  • Private practice तथा sports rehabilitation मा अझ बढी आम्दानी सम्भावना

करियर अवसरहरू फिजियोथेरापिस्टहरूले निम्न क्षेत्रमा काम गर्न सक्छन्

भारतमा औसत तलब

  • Entry-level: ₹२.४ – ₹३.६ लाख प्रति वर्ष
  • Mid-level professionals: ₹५ – ₹८ लाख प्रति वर्ष
  • Experienced specialists: ₹८ लाखभन्दा बढी
  • Private practice तथा sports rehabilitation मा अझ बढी आम्दानी सम्भावना

करियर अवसरहरू फिजियोथेरापिस्टहरूले निम्न क्षेत्रमा काम गर्न सक्छन्:

  • Multi-speciality hospitals
  • Rehabilitation centers
  • Sports organizations तथा fitness clubs
  • Home healthcare services
  • Digital health startups
  • Private clinics
  • International healthcare systems

धेरै physiotherapists ले आफ्नै clinic तथा rehabilitation center खोलेर entrepreneurship तर्फ पनि अघि बढिरहेका छन्।

पेशामा रहेका चुनौतीहरू

तीव्र विकासका बाबजुद फिजियोथेरापी क्षेत्रमा केही चुनौतीहरू अझै छन्:

  • ग्रामीण तथा साना शहरमा awareness को कमी
  • नयाँ graduates का लागि सुरुवाती तलब समस्या
  • Advanced training तथा infrastructure को आवश्यकता
  • शहरहरूमा बढ्दो प्रतिस्पर्धा

तर स्वास्थ्य चेतना, सरकारी नियमन तथा बढ्दो demand सँगै यी चुनौतीहरू क्रमशः सुधार हुँदै जाने अपेक्षा गरिएको छ।

किन फिजियोथेरापी भविष्यको करियर हो?

फिजियोथेरापी अब “assistant healthcare profession” मात्र होइन, preventive healthcare तथा rehabilitation system को मुख्य आधार बन्दै गएको छ।

भारत अब:
  • Non-invasive treatment
  • Preventive healthcare
  • Digital health integration
  • Fitness तथा wellness awareness

तर्फ अघि बढिरहेको अवस्थामा physiotherapists को भूमिका अझ महत्वपूर्ण बन्नेछ।

MBBS को अत्यधिक प्रतिस्पर्धाबिना healthcare क्षेत्रमा भविष्य बनाउन चाहने विद्यार्थीहरूका लागि physiotherapy एक उत्कृष्ट विकल्प हो, किनकि यसमा:

✅ राम्रो career growth
✅ सम्मानित पेशा
✅ Global opportunities
✅ बढ्दो demand
✅ बिरामीको जीवनमा सकारात्मक प्रभाव

जस्ता अवसरहरू उपलब्ध छन्।

निष्कर्ष:-

भारतमा फिजियोथेरापीको भविष्य अत्यन्त उज्ज्वल देखिन्छ। प्रविधिको विकास, स्वास्थ्य चेतनामा वृद्धि, सरकारी मान्यता तथा rehabilitation सेवाको बढ्दो मागका कारण आगामी दशकमा फिजियोथेरापी सबैभन्दा खोजिएको healthcare profession मध्ये एक बन्ने सम्भावना छ।

मानिसहरूलाई निको पार्न, राम्रोसँग चल्न-फिर्न सहयोग गर्न तथा स्वस्थ जीवन बाँच्न मद्दत गर्ने चाहना भएका विद्यार्थीहरूका लागि फिजियोथेरापी केवल एउटा कोर्स मात्र होइन — यो उद्देश्य, स्थिरता र विश्वव्यापी अवसरले भरिएको भविष्य-उन्मुख करियर हो।